बसई मेव में अस्थायी पुलिस चौकी शुरू, अवैध खनन पर लगेगा ब्रेक

By
On:
Follow Us

नूंह प्रशासन ने अवैध खनन पर रोक लगाने के लिए बसई मेव में अस्थायी पुलिस चौकी की स्थापना की है। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने दी जानकारी। जानिए इसका उद्देश्य और आगे की रणनीति।

बसई मेव में अस्थायी पुलिस चौकी का शुभारंभ, अवैध खनन पर लगेगा ब्रेक

हरियाणा के नूंह जिले में खनन से जुड़ी गतिविधियों पर अब प्रशासन की पैनी नजर रहेगी। जिला उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा के नेतृत्व में नूंह प्रशासन ने बसई मेव गांव में एक अस्थायी पुलिस चौकी की स्थापना कर दी है। यह चौकी अवैध खनन और खनिजों के गैरकानूनी परिवहन पर रोकथाम सुनिश्चित करने के लिए बनाई गई है।

READ MORE  Today Gold Rate: सोना 870 रुपए फिसलकर 72,380 रुपए पर पहुंचा: चांदी भी 2,000 रुपए सस्ती होकर 92,000 रुपए प्रति किलो

बसई मेव क्यों बना केंद्र?

फिरोजपुर झिरका उपमंडल का बसई मेव गांव नूंह जिले के उन इलाकों में शामिल है, जहां अवैध खनन गतिविधियों की संभावना समय-समय पर जताई जाती रही है। पहाड़ी इलाकों से जुड़े इस क्षेत्र में कुछ लोग खनिज पदार्थों का अनधिकृत दोहन करते हैं, जिससे न केवल पर्यावरण को नुकसान होता है बल्कि कानून व्यवस्था भी प्रभावित होती है।

बसई मेव में अस्थायी पुलिस चौकी

अस्थायी पुलिस चौकी: क्या होगी भूमिका?

  • अवैध खनन और खनिज परिवहन पर त्वरित कार्रवाई
  • संदिग्ध गतिविधियों की 24×7 निगरानी
  • स्थानीय प्रशासन और पुलिस के बीच समन्वय
  • गांव और आसपास के इलाकों में सुरक्षा का एहसास

इस अस्थायी पुलिस चौकी से न केवल खनन पर लगाम लगेगी, बल्कि स्थानीय लोगों को कानूनी सुरक्षा का भरोसा भी मिलेगा।

READ MORE  OnePlus Nord ce 3 vs OnePlus Nord ce 4 with full specifications

स्थायी चौकी की मंजूरी प्रक्रिया जारी

उपायुक्त मीणा ने बताया कि यह अस्थायी व्यवस्था तब तक प्रभावी रहेगी जब तक कि इस क्षेत्र के लिए स्थायी पुलिस चौकी की सरकारी स्वीकृति प्राप्त नहीं हो जाती। फिलहाल प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा

स्थानीय लोगों में संतोष, प्रशासन की सराहना

बसई मेव और आसपास के ग्रामीणों ने प्रशासन की इस कार्रवाई का स्वागत किया है। लंबे समय से क्षेत्र में सुरक्षा बल की आवश्यकता महसूस की जा रही थी, जिसे अब पूरा किया गया है।

पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अहम कदम

अवैध खनन से न सिर्फ सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचता है, बल्कि इससे पर्यावरणीय असंतुलन, जल स्रोतों की क्षति और स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र को खतरा भी होता है। ऐसे में नूंह प्रशासन की यह पहल हरित विकास की दिशा में एक ठोस कदम है।

READ MORE  Today’s Horoscope: 23 दिसंबर 2024 का राशिफल: आपके दिन को खास बनाने की कुंजी

Mohd Hafiz

Hello Friends, I am Mohd Hafiz. I am a Blogger and Content Writer at Mewat News Website. I have 2 years experience in Blogging and Content Writing in various fields like Govt. Job Updates and news updates.

For Feedback - mohdhafizatdc1@gmail.com

Leave a comment